Saturday, April 25, 2020

विश्व पशु चिकित्सा दिवस का आयोजन ऑनलाइन सम्पन्न



विश्व पशु चिकित्सा दिवस 25 अप्रैल

उक्त अवसर पर उत्तर प्रदेश पशु चिकित्सा संघ के पशुचिकित्सकों द्वारा ऑनलाइन आयोजन किया गया, जिसमें जिला इकाइयों के पदाधिकारियों एवम सदस्यों ने प्रतिभाग किया। अध्यक्ष डॉ राकेश कुमार ने सभी चिकित्सकों को इस अवसर पर वर्तमान महामारी नियंत्रण में पशुचिकित्सकों द्वारा किये जा रहे सर्विलांस, स्कैनिंग, हॉटस्पॉट निगरानी, राशन वितरण, आकस्मिक चिकित्सा आदि कार्यों हेतु आभार प्रकट किया।
महामंत्री डॉ संजीव कुमार सिंह द्वारा मुख्यमंत्री राहत कोष में समस्त जनपदों के चिकित्सकों द्वारा एक दिन का वेतन देने हेतु धन्यवाद ज्ञापित किया गया। उपाध्यक्ष डॉ आशीष सिंह ने अवगत कराया कि संघ द्वारा लगातार पशुचिकित्सकों की समस्याओं को शासन के समक्ष रखकर समाधान कराया जा रहा है। 192 प्लान वेट्स की वेतन सम्बन्धी बाधाओं का संज्ञान लेकर दूर कराया गया। वर्तमान में चिकित्सकों द्वारा सुरक्षा ड्यूटी में सेक्टर मजिस्ट्रेट के रूप में कार्य किया जा रहा है। संयुक्त मंत्री डॉ दिग्विजय यादव ने बताया कि चिकित्सकों ऑनलाइन कोरोना नियंत्रण प्रशिक्षण भी प्राप्त किया जा रहा है, जिससे जरूरत पड़ने पर सहायता के लिए प्रशिक्षित पशुचिकित्सक हमेशा तैयार रहें। उन्होंने स्पष्ट किया कि पशु पक्षियों से कोरोना बीमारी फैलने सम्बन्धी खबर गलत है और कोरोना पॉजिटिव मरीजों को पालतू पशुओं से दूर रखा जाना जरूरी है। पालतू पशुओं में पहले से ही टीकाकरण किया जाता रहा है। कोषाध्यक्ष ने संघ के सदस्यता अभियान में सहयोग हेतु सभी का आभार जताया। संघ के सदस्यों ने अवगत कराया कि दर्जनों गैर विभागीय ड्यूटी से विभागीय योजनाओं का क्रियान्वयन दुष्प्रभावित हो रहा है, चिकित्सकों के 800 रिक्त पदों को शीघ्र भरने की मांग की गई। सभी अस्पतालों को बिजली पानी एवम कर्मचारी उपलब्ध कराने की मांग जनपदों द्वारा की गई। डिजिटलीकरण वाली योजनाओं के लिए प्रत्येक अस्पताल पर प्रशिक्षित डेटा एंट्री ऑपरेटर रखने मांग की गई, जिससे सभी सूचनाओं को प्रतिदिन ऑनलाइन भेजा जा सके। मेडिकल पैरिटी के लिए विलम्बित प्रस्ताव को शीघ्र अनुमोदित कराने का संकल्प संघ द्वारा व्यक्त किया गया।

अध्यक्ष
उत्तर प्रदेश पशु चिकित्सा संघ
लखनऊ
25 अप्रैल 2020

पुलिस द्वारा सरकारी ड्यूटी पर पशुचिकित्सक से दुर्व्यवहार

*न चिकित्सा पेशे का लिहाज,न डीएम के आदेश की परवाह*

 *लाॅकडाउन में पुलिसिया  कार्यशैली*

अयोध्या। पशुपालन विभाग के मया बाजार पशु चिकित्सा केंद्र पर तैनात डॉक्टर विमल कुमार से दर्शननगर पुलिस चौकी के समीप पुलिसकर्मियों ने बदसलूकी की। लॉकडाउन में यह सब तब किया जब डॉ.विमल ने जिलाधिकारी अनुज कुमार झा से जारी पास व सीडीओ प्रथमेशकुमार का भूसा सत्यापन का आदेश पुलिसकर्मियों को दिखाया।इतने पर जब तसल्ली नहीं हुई तो उनसे बाइक का कागज मांगा। कागज देखते ही आपे से बाहर हो गया एक पुलिसकर्मी बाइक चालान की धमकी देने लगा। डॉक्टर के कहने पर चालान कर दीजिए तो धमकाते हुए जाने दिया।
डॉक्टर के साथ पुलिसकर्मियों की बदसलूकी की यह घटना शुक्रवार कि सायं 5:30 वह 6:00 बजे के बीच की है।डॉक्टर तारुन क्षेत्र से अस्थाई गोवंश आश्रय स्थलों में भंडारित भूसा सत्यापन कर वापस लौट रहे थे। सत्यापन का आदेश सीडीओ ने दिया था। तारुन जाते वक्त भी उन्हें पड़ेलवा चौराहा व नन्सा बाजार में तैनात पुलिसकर्मियों ने सीडीओ का भूसा सत्यापन आदेश दिखाने के बावजूद लाॅकडाउन का हवाला देकर रोब झाड़ते रहे। डॉक्टर ने मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर एके श्रीवास्तव को इसकी जानकारी दी है। डॉक्टर श्रीवास्तव ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि वह इसे उच्च अधिकारियों के संज्ञान में ला रहे हैं। डॉ विमल कुमार ने कहा जब तक उन्हें सरकारी वाहन नहीं मिलेगा। वह लाॅकडाउन में भूसा सत्यापन करने व अन्य किसी कार्य के लिए क्षेत्र नहीं जाएंगे।